नीति निर्माण में सांख्यिकी का महत्वपूर्ण योगदान

लखनऊ : 17वे सांख्यिकी दिवस के अवसर पर राष्ट्रीय सांख्यिकी कार्यालय के फील्ड ऑपरेशन डिवीजन द्वारा शुक्रवार को अलीगंज के आंचलिक विज्ञान केंद्र सभागार में सांख्यिकी के महत्त्व के बारे में जागरूकता सेमिनार आयोजित किया गया।

29 जून को ही भारतीय सांख्यिकी के जनक प्रोफेसर प्रशांत चंद्र महानलोबिस के जन्मदिवस मनाया जाता है जो एक प्रसिद्ध भारतीय वैज्ञानिक एवं संख्यिकीविद थे। यह आयोजन मुख्य रूप से सांख्यिकी के प्रति युवा पीढ़ी के बीच जागरूकता पैदा करने एवं सामाजिक आर्थिक नियोजन और नीति निर्माण में महत्व के प्रति जागरूक करने के लिए आयोजित हुआ । सांख्यिकी एवं कार्यक्रम कार्यान्वयन मंत्रालय द्वारा प्रत्येक वर्ष सांख्यिकी दिवस मनाने की एक थीम निर्धारित की जाती है। इस वर्ष की थीम सतत विकास लक्ष्यों की निगरानी के लिए राज्य संकेतक ढांचे को राष्ट्रीय ढांचे के साथ संरेखण करना है।कार्यक्रम में सांख्यिकी के महत्व को लेकर महत्वपूर्ण व्याख्यान हुए।

भारत सरकार राष्ट्रीय सांख्यिकी कार्यालय के फील्ड ऑपरेशंस डिवीजन से राज्य राजधानी क्षेत्रीय कार्यालय लखनऊ के उप महानिदेशक रजनीश माथुर ने कार्यक्रम में सांख्यिकी मंत्रालय के ढांचे एवं उनकी गतिविधियों के बारे में बताया।कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के तौर पर लखनऊ विश्वविद्यालय के प्रोफेसर डॉ मनोज कुमार अग्रवाल ने इस वर्ष की थीम पर विशेष प्रकाश डालते हुए आंकड़ों के महत्व के बारे बताया। इसी के साथ कार्यक्रम की प्रमुख वक्त डीएवी कॉलेज की सहायक प्रोफेसर डॉ निधि नगर,जय नारायण मिश्र केकेसी कॉलेज की सहायक प्रोफेसर मेघना अतवानी द्वारा सांख्यिकी के महत्व पर व्याखान दिया गया। कार्यक्रम में उपस्थित दर्शको के सवालों के जवाब भी वक्ताओं द्वारा दिए गए। इस कार्यक्रम में मध्यांचल कार्यालय लखनऊ के निदेशक विवेक श्रीवास्तव, उप निदेशक डॉ सचिन कुमार यादव एवम वरिष्ठ सांख्यिकी अधिकारी अनिल कुमार पांडेय सहित मध्यांचल कार्यालय एवं क्षेत्रीय कार्यालय लखनऊ के अधिकारियों एवम कर्मचारियों एवम लखनऊ विश्वविद्यालय के विभिन्न छात्रों एवम रिसर्च स्कॉलर्स ने प्रतिभाग किया। मंच संचालन शिवानी सक्सेना द्वारा किया गया।




